
विश्व नृत्य दिवस पर ब्रह्माकुमारी में कार्यक्रम आयोजित हुआ।
दुबई से पधारी कलाकार चित्रलेखा श्रीवास्तव ने अपनी उत्कृष्ट कला से सभी को मंत्र मुक्त किया।
प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय द्वारा 29 अप्रैल को विश्व नृत्य दिवस मनाया गया है। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में रेड क्रॉस सोसाइटी के वाइस चेयरमैन डॉ हाजी। एके खान जी रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता राजयोगिनी निर्मला बहन जी जोनल कोऑर्डिनेटर कला एवं संस्कृति प्रभाग ने की। सम्मानीय विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रख्यात गायिका दुबई से पधारी श्रीमती चित्रा श्रीवास्तव , , कलाकार सीमा श्रीवास्तव, रीवा कमिश्नर स्टेनो अवनीश शर्मा, उपस्थित रहे जबकि अन्य मुख्य कलाकार अतिथियों में ग्रामीण बाल प्रतिभा मंच के डायरेक्टर उमेश सेन, विंध्य के लोकप्रिय गीतकार सिंगर निलेश श्रीवास्तव, वरिष्ठ कलाकार- राकेश वर्मा( महागुरु), शिव क्रिऐशन के डायरेक्टर शिव कुशवाहा, डिसेंट डांस ग्रुप के डायरेक्टर राजीव वर्मा, कुशल डांस ग्रुप के डायरेक्टर कुशल कुशवाहा, लोकप्रिय कोरियोग्राफर स्पर्श दुबे, कवि अमित द्विवेदी, पत्रकार वीरू द्विवेदी उपस्थित रहे । नृत्य कला को समर्पित मगूरहाई स्कूल के बाल नृत्य कलाकारों ने अपनी शानदार प्रस्तुति दी और सभी का मन कृष्ण मीरा और गिरधार नगर के प्रति आकृष्ट किया और सभी का मन भाव विभोर कर दिया। कलाकार जिन्होंने अपनी प्रस्तुति दी उनमें प्रमुख रूप से प्रस्तुति दी जिसमें रजनी,छवि, लक्षिका, कीर्ति, अंश, दिव्यांशी, साक्षी, वंदना ,गुंजन पंकज अरमान, आदि। इसके अलावा भी कई डांस ग्रुपों से आए हुए कलाकार उपस्थित रहे।
बीके निर्मला दीदी ने अपने वक्तव्य में बताया कि परम कलाकार परमपिता परमात्मा शिव की हम सब संतान हैं।
वह सब कलाओं से भरपूर है। जैसे नृत्य का नाम नटराज, मीरा बाई से जुड़ा है उसी प्रकार सारी लीलाओ का नटराज वह परमात्मा है। श्री कृष्ण कोभी 16 कला संपूर्ण दिखाते हैं उनका पोज सदा तिरछा होता है। सदा उनको रास की पोज पर दिखाया जाता है। जिसके पास खुशी है उसका मन सदा ही नृत्य करता रहता है। आज आवश्यकता है मन के आनंद की।
डॉ हाजी एके खान साहब ने बताया की दुनिया में जितनी भी संस्था है सब यही कहते हैं कि हम सब धर्म का सम्मान करते हैं मेरे हिसाब से यह एक ही ब्रह्माकुमारी ऐसी संस्था है जो सबका समभाव बराबर सम्मान करती है। यह इस संस्था की सबसे बड़ी कला है।
स्टेनो वा सिंगर अवनीश शर्मा ने कहा कि नृत्य की शुरुआत नटराज ने की थी। नृत्य ऐसी विधा है जो मायूस बैठे व्यक्ति के चेहरे में भी मुस्कान ला देती है उन्होंने कहा ब्रह्माकुमारी संस्थान सभी कला वा कलाकारो को सम्मान देती है यह बड़ी बात है। आपने जो ये पहल की है निश्चित ही इसको आप बड़े स्तर पर लाये जिससे इस कला का सभी लाभ ले सके। आनंद का मूल्य किसी भी चीज से नहीं लिया जा सकता है। इसमें हमारा पूरा सहयोग रहेगा। चित्रा श्रीवास्तव ने कहा कि मुझे यहां आने से बहुत सुकून मिल रहा है,। मैं विदेश में भी ब्रह्माकुमारी संस्थान में जाकर के मेडिटेशन सीखूंगी और अपनी गीत में कला में राज योग के प्रयोग से श्रेष्ठ कार्य करके अपने कार्य में दक्षता लाऊंगी आज यह हमें सीख करके जा रही हूं।सीमा श्रीवास्तव – यहां जब-जब भी मैं आती हूं तो मुझे अपनेपन की भाषना आती है।
वरिष्ठ कलाकार-राकेश, स्पर्श ,राजीव, शिव ने विश्व नृत्य दिवस की सभी को ढेर सारी शुभकामनाएं दी। वरिष्ठ राजयोगी बीके प्रकाश ने इस कार्यक्रम की शुरुआत की। और सभी को आने वाली आनंद की दुनिया में चलने का आह्वान किया।।
ग्रामीण बाल कलाकार मंच के डायरेक्टर उमेश सेन ने कहा कि हमारे बच्चे कहीं ना कहीं आप से जुड़े हैं आप प्रत्यक्ष रूप से आपसे कुछ ना कुछ सीख रहे हैं।
कविवर अमित कुमार द्विवेदी जी ने अपनी कविता के माध्यम से बेटियों को आगे रखा।
गायक निलेश श्रीवास्तव ने बजाओ ढोल स्वागत के मेरे राम आए हैं गीत की प्रस्तुति की और सभी को मंत्र मुग्ध कर दिया। अंत में कुशल डांस ग्रुप के डायरेक्टर कुशल कुशवाहा ने सभी का दिल से आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर दिव्य नगरी निराला नगर सेवा आए हुए बाल कलाकारों को और सभी कलाकारों को प्रशस्ति पत्र और सम्मान देकर के सम्मानित किया गया। आभार प्रदर्शन प्राचार्य बीके दीपक तिवारी ने किया।



